बिल्सी के एक मोहल्ला निवासी व्यक्ति की तीन बेटियां हैं। पीड़ित के अनुसार उन्होंने अपनी दूसरे नंबर की बेटी की शादी क्षेत्र के ही गांव धनौली के जमशेद के साथ छह माह पहले तय कर दी थी। जमशेद और उसके परिवार के लोग युवती को एक जोड़ा पहनाकर अपना कर चले गए थे। जब इसकी जानकारी मोहल्ले में रहने वाले जुनैद को लगी तो उसने लड़की को परेशान करना शुरू कर दिया। वह दवाब बना रहा था कि युवती उससे शादी करे। इसमें उसके परिवार के लोग भी उसका साथ दे रहे थे।
पति और परिवार को बोल दिया झूठ
आरोप है कि जुनैद ने युवती के होने वाले पति और उनके परिवार को बताया कि युवती का उससे प्रेम प्रसंग है। सिर्फ जुनैद ने ही नहीं बल्कि उसके पिता नूर, चाचा खालिद, बहन, चचेरी शबाना और उसकी मां ने भी जमशेद के परिवार पर शादी न करने का दवाब बनाया और अपने बेटे से संबंध होने की झूठी बात उनसे कही। जमशेद को धमकी भी दी। कहा कि युवती की शादी वह लोग जुनैद से ही कराएंगे। किसी और से शादी हुई तो उसे बर्बाद कर देंगे। इससे परेशान होकर जमशेद के परिवार ने शादी तोड़ दी।
शादी टूटने की जानकारी होने पर जान दे दी
जब इसकी जानकारी उनकी बेटी को हुई तो वह काफी क्षुब्ध हो गई। उसने सुबह अपने कमरे में पंखे में फंदा लगाकर उससे लटककर अपनी जान दे दी। पीड़ित पिता ने बताया कि जब सुबह काफी देर होने पर वह बाहर नहीं आई तो दरवाजा तोड़ कर अंदर गए, जहां वह पंखे पर लटकी थी। यह देख स्वजन में कोहराम मच गया। सूचना पर बिल्सी इंस्पेक्टर राजेंद्र सिंह पुंडीर पुलिस बल के साथ पहुंच गए। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया।
पुलिस ने पिता के शिकायती पत्र पर जुनैद, उसके पिता नूर, चाचा खालिद, बहन, चचेरी बहन और उसकी मां के विरुद्ध प्राथमिकी पंजीकृत कर उनकी तलाश शुरू कर दी। लेकिन युवती की मृत्यु की जानकारी के बाद से आरोपित फरार हैं।

