सहारनपुर ,
रामपुर मनिहारान,अपर आयुक्त प्रशासन एवं खाद्य सुरक्षा विभाग, तहसील प्रशासन व विद्युत विभाग की टीमों के द्वारा कस्बे की कईं पनीर फैक्ट्रियों पर की गयी छापेमारी से पनीर कारोबारियों में हडकम्प मचा रहा।छापे के दौरान खाद्य सुरक्षा विभाग टीम की मौजूदगी में दस कुन्तल पनीर गायब होने से खाद्य सुरक्षा विभाग पर सवालिया निशान लग गया।वंही दूसरी ओर एक फैक्ट्री में बिजली चोरी भी पकड़ी गई।
उल्लेखनीय है कि सहारनपुर मंडल के अपर आयुक्त प्रशासन रमेश यादव के नेतृत्व में मुजफ्फरनगर व शामली के उपजिलाधिकारी,सहायक खाद्य सुरक्षा आयुक्त प्रथम अशोक शर्मा सहायक खाद्य सुरसा आयुक्त द्वितीय मनोज कुमार,मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी धनंजय शुक्ला,खाद्य सुरक्षा अधिकारी मुजफ्फरनगर वैभव शर्मा, सुनील कुमार व मनोज कुमार,सुनील कुमार तथा शामली के खाद्य सुरक्षा अधिकारी कंवरपाल सिंह ने पुलिस बल के साथ घसौती रोड व देवबंद रोड सहित सात फैक्ट्रियों पर छापेमारी की।टीम ब्लाॅक रोड स्थित नैशनल डेरी नामक पनीर फैक्ट्री में पहुंची जहां पर करीब साढे ग्यारह कुन्तल सिंथेटिक पनीर को अपने कब्जे मे ले लिया तथा वहां कुछ खाद्य सुरक्षा अधिकारियों को छोडकर टीम के द्वारा बाईपास रोड स्थित इरशाद पनीर फेक्ट्री पर छापा मारकर सिंथेटिक पनीर को अपने कब्जे मे ले लिया।मौके पर बिजली चोरी की सूचना पर विद्युत विभाग के अधिशासी अभियन्ता विजय कुमार के उपखण्ड अधिकारी संजीव कुमार भी मौके पर पहुंचे तथा फैक्ट्री संचालक के खिलाफ बिजली चोरी की रिपोर्ट दर्ज कराई गयी है।
टीम जब इरशाद पनीर फैक्ट्री से पुनः नेशनल पनीर फैक्ट्री पर वापस पंहुची तो मौके से 10 कुन्तल पनीर गायब होने पर अपर आयुक्त रमेश यादव ने नाराजगी जताते हुए फैक्टरी संचालक के विरुद्ध एफआईआर दर्ज कराने के निर्देश दिये।तथा मौके पर मौजूद तहसीलदार रामपुर मनिहारान जितेन्द्र कुमार व नायब तहसीलदार संजीव कुमार की देखरेख में नगरपंचायत की टीम को बुलाकर जब्त पनीर को नष्ट कराया गया।नगर मे कुल सात फैक्ट्रियों पर छापेमारी की गयी जिनमें तीन को सील किया गया तथा आठ सैम्पल जांच के लिए भेजे गये हैं।छापेमारी के दौरान नैशनल पनीर फैक्ट्री से पनीर गायब होना खाद्य सुरक्षा विभाग की कार्यशैली पर भी प्रश्नचिन्ह लगा रहा है।बताया जाता है कि रामपुर मनिहारान में बड़े पैमाने पर सिथेटिक पनीर बनाने की शिकायत मुख्यमंत्री से की गई थी जिसके चलते आज अपर आयुक्त प्रशासन रमेश यादव के नेतृत्व मे टीम का गठन किया गया था। इससे पूर्व भी रामपुर मनिहारान मे बड़े पैमाने पर नकली पनीर बरामद हो चुका है जिनके विरुद्ध कार्यवाही केवल सैम्पल भरने तक ही सिमट कर रह जाती है।अब देखना यह है कि रामपुर मनिहारान में नकली पनीर से जुडे कारोबारियों को पर्दे के पीछे संरक्षण देने वाले लोगों को आखिरकार प्रशासन कब बेनकाब करने में कामयाब हो पाता है अथवा नहीं।समाचार लिखे जाने तक आगे की कार्यवाही जारी है।

