बडौली ने जारी किया कारण बताओ नोटिस
मोहन लाल बडौली ने विज को कारण बताओ नोटिस जारी करते हुए तीन दिन में लिखित जवाब मांगा है। विज ने मुख्यमंत्री के उड़नखटोले पर सवार होने तथा नीचे उतरकर जनता की सुनवाई करने का बयान देने के साथ ही कसौली दुष्कर्म कांड के बाद प्रदेश अध्यक्ष मोहन लाल बडौली से इस्तीफा मांगा था।
क्या खतरे में है विज का मंत्री पद?
राजनीतिक गलियारों में चर्चा है कि पार्टी यदि विज के जवाब से संतुष्ट नहीं होती तो उनके मंत्रिपद पर खतरा हो सकता है। दिल्ली की जीत के बाद पार्टी ने अनिल विज को नोटिस देकर सभी नेताओं और कार्यकर्ताओं में अनुशासन का कड़ा संदेश दिया है। मुख्यमंत्री नायब सिंह के मंत्रिमंडल में अनिल विज बिजली, परिवहन और श्रम मंत्री हैं। मंत्रियों के पोर्टफोलियो में उनका नंबर मुख्यमंत्री के बाद दूसरा है।
ये लिखा है नोटिस में…
अनिल विज जी, सूचित किया जाता है कि आपने हाल ही में पार्टी के अध्यक्ष और मुख्यमंत्री पद के खिलाफ सार्वजनिक रूप से बयान दिए हैं। यह गंभीर आरोप हैं और पार्टी की नीतियों तथा आंतरिक अनुशासन के खिलाफ है। आपका यह कदम ना केवल पार्टी की विचारधारा के खिलाफ है, बल्कि यह उस समय पर हुआ है, जब पार्टी पड़ोसी राज्य में चुनाव के लिए अभियान चला रही थी।
चुनावी समय में एक सम्मानित मंत्री पद वहन करते हुए इस प्रकार की बयानबाजी से पार्टी की छवि को नुकसान होगा, यह जानते हुए आपने ऐसे बयान दिए, जो कि पूरी तरह अस्वीकार्य हैं। राष्ट्रीय अध्यक्ष के निर्देश अनुसार आपको यह कारण बताओ नोटिस जारी किया जा रहा है। आपसे अपेक्षा की जाती है कि तीन दिनों के भीतर आप इस विषय पर लिखित स्पष्टीकरण दें।

