लोगों ने बस से निकलने के प्रयास शुरू कर दिए। इस बीच अंदर फंसने से बिहार के समस्तीपुर निवासी 55 वर्षीय लख्खी देवी, उनकी 26 वर्षीय बेटी सोनी, 26 वर्षीय मधुसूदन, बिहार के सीतामढ़ी निवासी रामबालक की दो वर्षीय बेटी साक्षी और तीन वर्षीय देवराज की अंदर फंसकर जलने से मौत हो गई।
लोगों में मची भगदड़
आग लगने से लोगों में अचानक भगदड़ मच गई। किसी तरह खिड़कियां तोड़कर लोग बाहर निकले। घटना में कई लोगों का सारा सामान, दस्तावेज जलकर राख हो गए। लोग जैसे तैसे निकलकर बाहर भागे। एसीपी मोहनलालगंज रजनीश वर्मा ने बताया कि घायलों का प्राथमिक उपचार कराया गया। साथ ही जो लोग हैं उन्हें अन्य वाहनों से रवाना किया गया है।
वहीं, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने हादसे का संज्ञान लेते हुए मृतकों के शोक संतप्त परिजनों के प्रति संवेदना व्यक्त की है। मुख्यमंत्री ने घायलों को तत्काल अस्पताल पहुंचाकर जिला प्रशासन के अधिकारियों को उनके समुचित उपचार के निर्देश दिए हैं। इसके साथ ही घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की भी कामना की है।
सवारी बालकराम की तहरीर पर बस मालिक, ट्रैवल एजेंट, ड्राइवर समेत अन्य पर गैर इरादततन हत्या का मुकदमा दर्ज किया जा रहा है। कार्रवाई के लिए एक टीम बनाई गई है।

