वृंदावन। होली के दौरान वृंदावन में देश दुनिया के लाखों श्रद्धालु वृंदावन में डेरा डालेंगे और होली का आनंद लेंगे। भक्तों की भारी भीड़ एवं संत प्रेमानंद के स्वास्थ को देखते हुए रात्रिकालीन पदयात्रा 10 से 14 मार्च तक स्थगित रखने का ऐलान किया है।
श्री राधा केलिकुंज आश्रम ने रविवार सुबह जारी विज्ञप्ति में श्रद्धालुओं को सूचना दी है कि होली पर श्रद्धालुओं की भीड़ और संत प्रेमानंद के स्वास्थ को देखते हुए रात्रिकालीन पदयात्रा जो दो बजे निकलती थी अब 10 से 14 मार्च तक स्थगित कर दी गई है। श्रद्धालु रात्रिकालीन पदयात्रा दर्शन के लिए न पहुंचे।

संत के प्रवचन सुनने आते हैं भक्त

संत प्रेमानंद महाराज के दर्शन के लिए रात दो बजे ही वृंदावन के परिक्रमा मार्ग में श्रद्धालु जुटने लगते हैं। वह अपने आश्रम से शिष्यों के साथ पैदल परिक्रमा को प्रतिदिन निकलते हैं, इससे पहले ही सड़कों पर उनके दर्शन के लिए सैकड़ों की संख्या में अनुयायी पहुंच जाते हैं। संत के प्रवचन सोशल मीडिया पर खूब वायरल होते हैं।

संत प्रेमानंद महाराज का रमणरेती मार्ग पर है आश्रम

श्रीहित प्रेमानंद महाराज का आश्रम राधा निकुंज वृंदावन के रमणरेती मार्ग पर है। उनके देश भर में लाखों की संख्या में अनुयायी हैं। करीब दो दशक से उनकी दोनों किडनी खराब हैं, उनकी नियमित डायलिसिस होती है। क्रिकेटर विराट कोहली उनकी पत्नी अनुष्का संत प्रेमानंद महाराज के आश्रम में आ चुके हैं। हाल ही में संत प्रेमानंद से मिलने पहुंची अनुष्का ने भक्ति का मार्ग पूछा था। संत प्रेमानंद से मिलने हर दिन भक्त पहुंचते हैं।

कानपुर से मथुरा पहुंचे थे संत प्रेमानंद महाराज

परिक्रमा मार्ग के श्रीराधा केलिकुंज में प्रतिदिन की तरह भक्तों की जिज्ञासा दूर करते हुए संत प्रेमानंद ने एक भक्त ने सवाल करते हुए अचानक कहा महाराज आप मूल रूप से कानपुर के रहने वाले हैं? अपने भक्त की जिज्ञासा को दूर करते हुए संत प्रेमानंद ने कहा वह अब मूल वृंदावन से ही हैं। अगर हम यह कहें कि अब भी हमारा मूल कानपुर वाला है तो वह हम धोखे में हैं। हम कानपुर के नहीं हैं। कानपुर का अनिरुद्ध कुमार पांडेय था। प्रेमानंद गोविंद शरण वृंदावन का है और रहेगा। अब आप जिससे बात कर रहे हो वह अनिरुद्ध कुमार पांडेय नहीं वह ताे मूल वृंदावन का प्रेमानंद गोविंद शरण है।

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