कौशाम्बी/प्रशान्त कुमार मिश्रा 

ई-लॉटरी के माध्यम से कृषि यन्त्रीकरण योजनान्तर्गत 74 कृषकों के आवेदन को किया गया चयन

कौशाम्बी। कृषि विभाग द्वारा संचालित विभिन्न योजनान्तर्गत वित्तीय वर्ष-2023-24 में कृषकों ने रू0-10 हजार से अधिक अनुदान वाले बुक किये गये विभिन्न यन्त्रों यथा-स्मॉल गोदाम, कस्टम हायरिंग सेन्टर, रोटावेटर, मल्टीक्राप थ्रेसर, कल्टीवेटर, सीड ड्रिल, थ्रेसिंग फ्लोर, लेजर लैण्ड लेबलर इत्यादि यन्त्रों का ई-लॉटरी का आयोजन जिलाधिकारी की अध्यक्षता में गठित जनपद स्तरीय समिति के समक्ष आज उदयन सभागार, कलेक्ट्रेट में आयोजित किया गया। विगत वर्षो में आवेदन करने वाले कृषकों का चयन पहले आओ पहले पाओ के आधार पर किया जाता था,किन्तु वर्तमान वित्तीय वर्ष 2023-24 से पहले आओ पहले पाओ के आधार पर चयन की कार्यवाही समाप्त कर दिया गया है। ई-लॉटरी के माध्यम से चयन की कार्यवाही में जनपद के विभिन्न विकासखण्डों के कृषकों द्वारा प्रतिभाग किया गया।

यह जानकारी उप कृषि निदेशक सतेन्द्र कुमार तिवारी ने देते हुए बताया कि ई-लॉटरी के माध्यम से एन0एम0ई0ओ0 सहित कृषि यन्त्रीकरण योजनान्तर्गत कुल 74 प्रकार के यन्त्रों यथा-रोटावेटर, मल्टीक्राप थ्रेसर, हैरो, कस्टम हायरिंग सेन्टर, स्मॉल गोदाम, थ्रेसिंग फ्लोर, पावर टिलर, पावर वीडर, लेजर लैण्ड लेबलर, चेप कटर, मिनी राइस मिल इत्यादि यन्त्रों की ई-लॉटरी के माध्यम से 74 कृषकों के आवेदन को चयन किया गया। इन यन्त्रों के लक्ष्य का 50 प्रतिशत प्रतीक्षा सूची में भी कृषकों के आवेदन को रखा गया ह,ै जिन कृषकों की आवेदन स्वीकृत हुये है, उन्हें 10 फरवरी.2024 तक कृषि यन्त्र क्रय कर बिल पोर्टल पर अपलोड कराना अनिवार्य है। यदि इस तिथि को बिल अपलोड नहीं किया जाता है, तो उनके आवेदन स्वतः निरस्त हो जायेंगे व प्रतीक्षा सूची में दर्ज कृषकों का चयन स्वतः पोर्टल के माध्यम से हो जायेगा।

उप कृषि निदेशक ने ई-लॉटरी के माध्यम से चयनित कृषकों से अनुरोध किया है कि कृषि यन्त्र उन्हीं डीलर्स से क्रय करें,जो http://upyantratracking.in पोर्टल पर पंजीकृत हों व इम्पैनल्ड सूची दर्ज निर्माता कंम्पनी के ही यन्त्र क्रय किये जायें व यन्त्रों में लेजर कटिंग के सीरियल नम्बर होना अनिवार्य है। किसी भी दशा में वेल्ड किये हुये सीरीयल नम्बर वाले कृषि यन्त्र अनुदान के लिए मान्य नहीं होंगे। इसके अतिरिक्त कुल कीमत का 50 प्रतिशत धनराशि सम्बन्धित डीलर्स के बैंक खाते में कृषक के स्वयं के खाते से हस्तान्तरित किया जाना अनिवार्य है व बिल का ई-बिल एवं http://upyantratracking.in पोर्टल पर डीलर्स/कृषि यन्त्र विक्रेता द्वारा कृषि यन्त्र का सीरियल नम्बर, कृषक का नाम, यन्त्र की कीमत, कृषक का टोकन नम्बर, पंजीकरण संख्या, पता इत्यादि विवरण फीड कराया जाना अनिवार्य होगा।

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