कानपुर। दहेज उत्पीड़न के मुकदमे में पुलिस के बुलाने से परेशान बर्रा आठ के एक युवक ने जेल जाने के डर से फंदा लगाकर जान दे दी। युवक का शव 24 घंटे तक कमरे में लटका रहा, लेकिन स्वजन इससे अनजान रहे। फोरेंसिक टीम व गुजैनी थाना पुलिस ने जांच की।
बर्रा आठ निवासी 32 वर्षीय अमित कुमार, मां रीना देवी मां व भाई रंजीत व संजीत के साथ रहते थे। रंजीत ने बताया कि वर्ष 2019 में अमित की शादी सेन पश्चिम पारा के मन्नीपुरवा निवासी राजकुमारी से हुई थी। उनकी एक बेटी रिदिमा है। शादी के डेढ़ साल बाद ही राजकुमारी अमित से झगड़ाकर बेटी को लेकर अपने घर चली गई।
2023 में दर्ज हुआ था दहेज उत्पीड़न का मुकदमा
2023 में दर्ज हुआ था दहेज उत्पीड़न का मुकदमा
मई 2023 में राजकुमारी ने गुजैनी थाने में अमित समेत परिवार पर दहेज उत्पीड़न का मुकदमा दर्ज करा दिया था, तब से अमित परेशान रहने लगे और नौकरी छोड़ दी। आरोप है कि पत्नी उसे जेल भिजवाने की धमकी दे रही थी। पुलिस भी कई बार अमित को फोन कर बुला चुकी थी।
कमरे में जाने के बाद बाहर नहीं निकला बेटा
वह जेल जाने से इतना डरने लगा था कि चार दिन पहले जब पुलिस का फोन आया तो डरकर कहीं चला गया था। मंगलवार रात वह घर आया और पहली मंजिल पर अपने कमरे में चला गया। बुधवार की दोपहर मां उसे बुलाने गई पर कोई आवाज नहीं आई। मां ने समझा सो रहा है।
फंदे से लटका मिला शव
रात में भी वह कमरे से नहीं निकला तो सभी पहुंचे और कुंडी के पेंच निकाल अंदर पहुंचे तो अमित का शव फंदे से लटका मिला। गुजैनी थाना पुलिस ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है। हो सकता है कि कोई समन आया हो। तहरीर मिलने पर आगे की कार्रवाई होगी।
गुरुवार को थी तारीख
राजकुमारी ने बताया कि पति के भाई झूठ बोल रहे हैं। जब उनकी बेटी हुई तो उनसे सास ने कहा कि बेटी होने से सिर नीचा हो गया है। एक रिश्तेदार के बच्चे न होने पर उन्हें बेटी को पांच लाख में बेचने का दबाव बनाने लगे थे। मुकदमा दर्ज कराने के बाद से बात नहीं की। गुरुवार को तारीख थी।
रात में पिता को अस्पताल से लेकर आए थे
रंजीत ने बताया कि रेलवे से सेवानिवृत्त पिता राजधारी की तबीयत 22 जनवरी से खराब हो गई थी। बुधवार को ही उन्हें अस्पताल से घर लाया गया और भाई के आत्महत्या करने की जानकारी से वह फिर अस्वस्थ हो गए।
वह जेल जाने से इतना डरने लगा था कि चार दिन पहले जब पुलिस का फोन आया तो डरकर कहीं चला गया था। मंगलवार रात वह घर आया और पहली मंजिल पर अपने कमरे में चला गया। बुधवार की दोपहर मां उसे बुलाने गई पर कोई आवाज नहीं आई। मां ने समझा सो रहा है।
फंदे से लटका मिला शव
रात में भी वह कमरे से नहीं निकला तो सभी पहुंचे और कुंडी के पेंच निकाल अंदर पहुंचे तो अमित का शव फंदे से लटका मिला। गुजैनी थाना पुलिस ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है। हो सकता है कि कोई समन आया हो। तहरीर मिलने पर आगे की कार्रवाई होगी।
गुरुवार को थी तारीख
राजकुमारी ने बताया कि पति के भाई झूठ बोल रहे हैं। जब उनकी बेटी हुई तो उनसे सास ने कहा कि बेटी होने से सिर नीचा हो गया है। एक रिश्तेदार के बच्चे न होने पर उन्हें बेटी को पांच लाख में बेचने का दबाव बनाने लगे थे। मुकदमा दर्ज कराने के बाद से बात नहीं की। गुरुवार को तारीख थी।
रात में पिता को अस्पताल से लेकर आए थे
रंजीत ने बताया कि रेलवे से सेवानिवृत्त पिता राजधारी की तबीयत 22 जनवरी से खराब हो गई थी। बुधवार को ही उन्हें अस्पताल से घर लाया गया और भाई के आत्महत्या करने की जानकारी से वह फिर अस्वस्थ हो गए।

