Home उत्तर प्रदेश जिले में आरटीपीसीआर जांच का बढ़ा दायरा, 900 जांच प्रतिदिन

जिले में आरटीपीसीआर जांच का बढ़ा दायरा, 900 जांच प्रतिदिन

रिपोर्ट-रविता

शादी के सीजन के चलते बढ़ायी गयी जांच
जनपद में रोजाना की जा रही 2500 एंटीजन जांच

मुजफ्फरनगर। प्रदेश सरकार ने शादी के सीजन के चलते जिले में कोरोना जांच बढ़ाने का निर्देश दिया है। अब जनपद को रोजाना 900 आरटीपीसीआर जांच कराने का लक्ष्य दिया गया है, जबकि पहले यह लक्ष्य प्रतिदिन 700 का था। इस संबध में शासन ने आरटीपीसीआर और एंटीजन जांच का अनुपात 40:60 रखने का निर्देश दिया है।
कोविड-19 के नोडल अधिकारी डॉ. एसके अग्रवाल ने बताया मुजफ्फरनगर मेडिकल कॉलेज, महावीर चौक, कचहरी परिसर अतिरिक्त प्राइवेट लैब एसआरएल, लाल पैथ लैब में आरटी-पीसीआर व एंटीजन जांच की जा रही हैं। जनपद में रोजाना करीब 2500 एंटीजन और आरटी-पीसीआर की 900 जांच की जा रही हैं। उन्होंने बताया शासनादेश के मुताबिक 40 फीसदी जांच आरटीपीसीआर और 60 फीसदी जांच एंटीजन से की जाती हैं। जिले में अब तक 1.16 लाख आरटी-पीसीआर जांच की जा चुकी हैं।

मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) डॉ. प्रवीण चोपड़ा ने बताया कि जनपद में विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) की मदद से मैपिंग कराई जा रही है। मैपिंग के मुताबिक उन क्षेत्रों में ज्यादा सैपलिंग कराई जा रही है, जहां कोरोना पॉजिटिव अधिक संख्या में मिल रहे हैं। उन्होंने बताया रोजाना जांच का डाटा शासन को भेजा रहा है। डब्ल्यूएचओ के सहयोग से की जा रही मैपिंग से संवेदनशील क्षेत्रों की जानकारी अपडेट रहती है। मैपिंग के अनुसार संवेदनशील क्षेत्रों में कोविड जांच बढ़ाई जा रही है, ताकि कोरोना की चेन को तोड़ने में मदद मिल सके।

मुख्य चिकित्सा अधिकारी ने बताया कि जिले में रविवार को कोरोना के 32 पॉजिटिव मिले है। जबकि 10 को डिस्चार्ज किया गया है। मुख्य चिकित्सा अधिकारी का कहना है कि कोरोना संक्रमण हो जाने पर घबराना नहीं चाहिए। लक्षण आते ही तुरंत टोल फ्री नंबर पर सूचना देकर अपना इलाज कराना चाहिए। लापरवाही से जोखिम बढ़ जाता है।