अमित शाह ने नमाज़ को लेकर कांग्रेस की पिछली सरकारों पर निशाना साधा.

खबरे सुने

उत्तराखंड : राजनीति का कोई धर्म नहीं होता है ये कभी भी कहीं भी की जा सकती है जैसे जैसे चुनाव नज़दीक आते हैं मुद्दे और समस्याएं भी सामने आती हैं ,चुनाव खत्म बात खत्म, अब शुरू हुई है नमाज़ पर राजनीति,अमित शाह ने कल देहरादून में कहा था- सड़कें बंद करके नमाज पढ़ने की इजाजत देने वाले, तुष्टिकरण करने वाले कभी भी देवभूमि का काम नहीं कर सकते.देश में अगले साल उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड समेत पांच राज्यों में विधानसभा के चुनाव होने हैं. कल उत्तराखंड के दौरे पर गए केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने नमाज़ को लेकर कांग्रेस की पिछली सरकारों पर निशाना साधा. अमित शाह के बयान पर अब कांग्रेस ने पलटवार किया है. राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता हरीष रावत ने कहा है कि अमित शाह वो अधिसूचना दिखाएं, जिसमें कांग्रेस सरकार ने शुक्रवार को नमाज़ के लिए छुट्टी का आदेश दिया.
अमित शाह ने कल देहरादून में कहा था, ”सड़कें बंद करके नमाज पढ़ने की इजाजत देने वाले, तुष्टिकरण करने वाले कभी भी देवभूमि का काम नहीं कर सकते.” उन्होंने कहा, ”मैं आया था तो मेरा काफिला रुक गया. कुछ लोग मिलने आए तो उनसे मैंने पूछा कि क्या हुआ? तो उन्होंने बताया कि शुक्रवार है. शुक्रवार को नेशनल हाईव बंद करके वहां नमाज होती है.”
अमित शाह के इस बयान पर कांग्रेस नेता हरीश रावत ने पलटवार किया और एक प्रेस कांग्रेस में कहा, ”मैं किसी भी सार्वजनिक स्थल पर अमित शाह के साथ डिबेट के लिए तैयार हूं. मैं अमित शाह पर तर्क-वितर्क में भारी पडूंगा.” शुक्रवार की छुट्टी पर हरीश रावत ने कहा कि अमित शाह वो अधिसूचना दिखाएं, जिसमें हमने शुक्रवार की छुट्टी के लिए लिखा.”
वहीं, हरीश रावत ने अमित शाह के दौरे को लेकर कहा कि जिस तरह से घसियारी योजना महिलाओं के लिए शुरू की गई है, इससे महिलाओं का अपमान बीजेपी सरकार ने किया है. हरीश रावत ने कहा कि जहां एक ओर महिलाएं राज्य में नाम आगे बढ़ा रही हैं, वहीं बीजेपी उन्हें घसियारी का नाम देकर बदनाम कर रही है.

Leave A Reply

Your email address will not be published.