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4 माह बाद दिल्ली के 6 कॉलेजों में शिक्षकों को मिला वेतन, और 6 को अभी इंतजार

नई दिल्ली । दिल्ली सरकार ने दिल्ली के 6 कॉलेजों के लिए ग्रांट रिलीज की है। इनमें भीमराव अंबेडकर कॉलेज, शहीद राजगुरु कॉलेज ऑफ एप्लाइड साइंस, इंदिरा गांधी फिजिकल एजुकेशन, महाराजा अग्रसेन कॉलेज, भाष्कराचार्य कॉलेज, आचार्य नरेंद्र देव कॉलेज शामिल है। ग्रांट जारी न किए जाने के कारण दिल्ली के 12 विभिन्न कॉलेजों में सैकड़ों शिक्षकों को बीते 4 माह से वेतन नहीं मिल सका है। 6 कॉलेजों के लिए ग्रांट जारी किए जाने के साथ ही दिल्ली सरकार ने यह आश्वासन भी दिया है कि बाकी 6 कॉलेजों में गवर्निग बॉडी बन जाने पर उनकी भी ग्रांट रिलीज कर दी जाएगी।

दिल्ली सरकार ने कॉलेजों को जो ग्रांट रिलीज की है उसमें, महाराजा अग्रसेन कॉलेज को 1.95 करोड़ रुपये, आचार्य नरेंद्र देव कॉलेज को 2.70 करोड़ रुपये, इंदिरा गांधी फिजिकल एजुकेशन को 1.49 करोड़ रुपये, भाष्कराचार्य कॉलेज को 1.80 करोड़ रुपये, शहीद राजगुरु कॉलेज को 1.64 करोड़ रुपये और भीमराव अंबेडकर कॉलेज को 2.18 करोड़ रुपये दिए गए हैं।

शिक्षक संगठन, दिल्ली टीचर्स एसोसिएशन के पदाधिकारी पिछले एक सप्ताह से दिल्ली सरकार के कॉलेजों की ग्रांट रिलीज कराने की मांग को लेकर दिल्ली के उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया, कैबिनेट मंत्री गोपाल राय और समाज कल्याण मंत्री राजेंद्र पाल गौतम से उनके कार्यालय में कई बार मिल चुके हैं।

एसोसिएशन ने दिल्ली सरकार के 12 कॉलेजों की ग्रांट रिलीज कराने की मांग की थी। एसोसिएशन के मुताबिक, इन 12 कॉलेजों में चार महीने से शिक्षकों, कर्मचारियों और कंट्रक्चुअल कर्मचारियों को वेतन नहीं मिला है, जिसके कारण ये लोग कठिन आर्थिक स्थिति से गुजर रहे हैं। अब दिल्ली सरकार ने 6 कॉलेजों की ग्रांट रिलीज की है।

दिल्ली टीचर्स एसोसिएशन के प्रतिनिधिमंडल ने वेतन के सिलसिले में जब बीते दिनों मनीष सिसोदिया से मुलाकात की तो सिसोदिया ने आश्वासन दिया कि जिन कॉलेजों में गवर्निग बॉडी बन गई है, उन कॉलेजों को सरकार की ओर से ग्रांट रिलीज की जा रही है। उनका कहना था कि जिन कॉलेजों में सरकार के सदस्यों के नाम दिल्ली विश्वविद्यालय प्रशासन नहीं भेजता है, उनकी ग्रांट अभी जारी नहीं करेंगे।

दिल्ली विश्वविद्यालय प्रशासन का कहना है कि 14 सितंबर को दिल्ली सरकार के बाकी बचे 6 कॉलेजों के सदस्यों के नाम भेज दिए जाएंगे। दिल्ली सरकार के इन 12 कॉलेजों में 50 से 60 फीसदी एडहॉक टीचर्स, गेस्ट टीचर्स व कंट्रक्च ुअल कर्मचारी है। दिल्ली सरकार के कॉलेजों की ग्रांट रिलीज कराने की मांग को लेकर शिक्षक संगठन दिल्ली टीचर्स एसोसिएशन उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया से पहले भी मिला था और उन्हें एसोसिएशन की ओर से ज्ञापन देकर दिल्ली सरकार के पूर्ण वित्त पोषित 12 कॉलेजों की ग्रांट रिलीज करने की मांग की थी।

दिल्ली विश्वविद्यालय के प्रोफेसर हंसराज ने कहा, “दिल्ली सरकार के पूर्ण वित्तपोषित 12 कॉलेजों के शिक्षक और कर्मचारी लॉकडाउन के दौर से ही आर्थिक संकट से जूझ रहे थे। इन शिक्षकों और कर्मचारियों में ज्यादातर लोग किराए के मकानों में रहते हैं, अपनी ईएमआई, गाड़ी की किस्त आदि समय पर न भरने की वजह से तनाव में थे। पिछले कई महीनों से कॉलेजों की ग्रांट रिलीज को लेकर शिक्षक परेशान है।”

दिल्ली विश्वविद्यालय के प्रोफेसर सुमन ने कहा, “जिन कॉलेजों की ग्रांट रिलीज नहीं हुई है उनका संगठन जल्द ही उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया से मिलेगा। सरकार से मांग की जाएगी कि 6 कॉलेज बचे हैं, उनकी भी ग्रांट रिलीज करे, क्योंकि शिक्षक व कर्मचारी सभी आर्थिक संकट से जूझ रहे हैं। वहीं कोरोना जैसी महामारी का सामना भी कर रहे हैं।”