पुलिस भर्ती बोर्ड पर जवाब ना देने के कारण ₹10000 का जुर्माना- हाई कोर्ट

खबरे सुने

उत्तर प्रदेश : इलाहाबाद हाईकोर्ट ने 2013 के पुलिस भर्ती परीक्षा के उपरांत पिछड़ा वर्ग कोटा से सफल घोषित होने पर बार-बार समय दिए जाने के बाद भी जवाब दाखिल न करने पर पुलिस भर्ती बोर्ड पर 10 हजार रुपये हर्जाना लगाया है और तीन फरवरी 2020 को जारी आदेश का पालन करने का निर्देश दिया है।कोर्ट ने कहा है कि यदि आदेश का पालन नहीं किया गया तो डीआईजी स्थापना पुलिस मुख्यालय प्रयागराज को तलब किया जाएगा। कोर्ट ने कहा कि हर्जाने की राशि लापरवाही के जिम्मेदार अधिकारियों से वसूल कर हाईकोर्ट विधिक सेवा प्राधिकरण में जमा की जाए।

यह आदेश न्यायमूर्ति विवेक अग्रवाल ने अजय कुमार की याचिका पर दिया है। याचिका पर अधिवक्ता प्रशांत मिश्र ने बहस की। अधिवक्ता प्रशांत मिश्र का कहना है कि याची 2013 की पुलिस भर्ती में पिछड़ा वर्ग कोटे में सफल घोषित किया गया है। उसे दस्तावेज सत्यापन व मेडिकल जांच के लिए बुलाया जाना है। उसने प्रत्यावेदन भी दिया लेकिन कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है।इस पर याचिका की। कोर्ट ने भर्ती बोर्ड व राज्य सरकार को जवाब देने के लिए तीन बार समय दिया है लेकिन कोई जवाब नहीं आया तो कोर्ट ने कड़ा रुख अपनाया है।

Leave A Reply

Your email address will not be published.